क्‍या होता है जीपीएस, कैसे करें इसका प्रयोग?

    आजकल लगभग सभी स्‍मार्टफोनों में जीपीएस प्रणाली का फीचर दिया जा रहा है। मगर अधिक्‍तर फोन उपभोक्‍ताओं को जीपीएस के बारे में पता नहीं होता। दरअसल जीपीएस (ग्लोबल पोजिशनिंग सिस्‍टम)  एक उपग्रह प्रणाली पर काम करता है। जीपीएस तकनीक उपग्रहों द्वारा भेजे गए संदेशो पर काम करती है।

    क्‍या होता है जीपीएस, कैसे करें इसका प्रयोग?

    मोबाइल में जीपीएस तकनीक के प्रयोग द्वारा यूजर अपनी स्थिती का आसानी से पता लगा सकता है मान लीजिए आप दिल्‍ली के कनॉट प्‍लेस में है और आपको लाल किले तक जाना है तो जीपीएस तकनीक की मदद से आसानी से लाल किले का रास्‍ता जीपीएस तकनीक द्वारा लगाया जा सकता है।

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    जीपीएस डिवाइस उपग्रह से प्राप्‍त सिंगनल द्वारा उस जगह को मैप में दशार्ती रहती है। जीपीएस का प्रयोग ट्रैनों, जहाजों की स्थिती, जमीन का सर्वेक्षण करने, वाणिज्यिक कार्य, वैज्ञानिक प्रयोग, और सेना में काफी समय से किया जाता रहा है।

    कैसे करें प्रयोग
    जीपीएस को प्रयोग करना बेहद आसान है इसके लिए सिफ आपको अपने फोन में जीपीएस ऑप्‍शन ऑन करना पड़ेगा, लेकिन जीपीएस ऑन करने से पहले इस बात का ध्‍यान रखें कि ये सीधे सेटेलाइट से कनेक्‍ट होता है इसलिए ये आपके फोन में ज्‍यादा बैटरी कंज्‍यूम करता है।

    1- जीपीएस का यूज़ सबसे पहले 1996 में ऑटोमोबाइल इंडस्‍ट्रीज़ में किया गया था 
    2- जीपीएस पर U.S डिफेंस डिपार्टमेंट का आधिकारिक रूप से अधिकार है लेकिन ये ये पूरे विश्‍व में यूज़ किया जा सकता है। 
    3- अगर आप ये सोंच रहे हैं जीपीए का प्रयोग सिर्फ नेविगेशन के लिए होता है तो आप गलत हैं इसकी मदद से डिवाइसेस समय का पता भी लगाती है। जिस जगह का जीपीएस सिग्‍नल प्रयोग किया जाता है वहां का समय डिवाइस में ऑटोमेटिक सेट हो जाता है। 
    4- शुरुआत में जीपीएस को नेवस्‍टार के नाम से जाना जाता था इसके लिए सबसे पहला सेटेलाइट 1978 में छोड़ा गया था।

      English summary
      The Global Positioning System (GPS), originally Navstar GPS,[1][2] is a space-based radio navigation system owned by the United States government and operated by the United States Air Force.
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