AWS Outage 2025: जानिए क्यों ठप हो गई थी Snapchat, Canva और Roblox जैसी सर्विसेज
सोमवार की दोपहर तकनीक की दुनिया के लिए किसी झटके से कम नहीं थी। Amazon Web Services (AWS) के अचानक हुए बड़े आउटेज ने Snapchat, Canva, Roblox, Fortnite, और यहां तक कि कई फूड डिलीवरी व बैंकिंग ऐप्स को भी ठप कर दिया।
एक सामान्य दिखने वाली नेटवर्क गड़बड़ी ने यह साबित कर दिया कि हमारी डिजिटल दुनिया कितनी हद तक कुछ सर्वरों पर निर्भर है। लेकिन इस घटना के पीछे की कहानी सिर्फ "सर्वर डाउन" भर नहीं, बल्कि "डिजिटल मोनोपॉली और क्लाउड पर निर्भरता" की है।

1करोड़ शिकायतें, लाखों यूजर्स पर असर
DownDetector की रिपोर्ट के मुताबिक, सोमवार को करीब 1.1 करोड़ से ज्यादा यूजर्स ने दुनियाभर से ऐप्स के न चलने की शिकायत दर्ज की।
भारतीय समयानुसार दोपहर 12:30 बजे के आसपास AWS का US-EAST-1 रीजन ठप पड़ा, जिससे न सिर्फ अमेरिकी यूजर्स बल्कि भारत समेत कई देशों के प्लेटफॉर्म प्रभावित हुए। Canva, Snapchat, Roblox, Fortnite और कई फिनटेक ऐप्स ने या तो लोड होना बंद कर दिया या लगातार एरर दिखाने लगे।
AWS की आधिकारिक स्टेटस रिपोर्ट में कहा गया कि हम US-EAST-1 रीजन में कई सेवाओं के लिए बढ़े हुए एरर रेट्स और लैटेंसी दर्ज कर रहे हैं।"
आखिर गड़बड़ी हुई कहां?
Amazon ने बताया कि यह समस्या उनकी EC2 (Elastic Compute Cloud) की इंटरनल नेटवर्किंग में आई गड़बड़ी से शुरू हुई। यह कमी धीरे-धीरे DynamoDB, SQS, और Amazon Connect जैसी कई सेवाओं में फैल गई।
कंपनी ने कहा कि रूट कॉज उस आंतरिक सबसिस्टम में है जो नेटवर्क लोड बैलेंसर्स की हेल्थ मॉनिटरिंग संभालता है। इसका असर इतना व्यापक था कि कई यूजर्स IAM अपडेट्स, ग्लोबल टेबल्स, और सपोर्ट केस क्रिएट करने में असमर्थ रहे।
क्यों यह सिर्फ एक तकनीकी गलती नहीं है?
अगर इसे सिर्फ एक "सर्वर क्रैश" मान लें तो तस्वीर अधूरी रह जाएगी। यह घटना दिखाती है कि दुनियाभर के डिजिटल प्लेटफॉर्म अब कुछ चुनिंदा कंपनियों के इंफ्रास्ट्रक्चर पर कितने निर्भर हो गए हैं।
AWS, Microsoft Azure, और Google Cloud, ये तीन नाम ही आज 80% से ज्यादा क्लाउड ट्रैफिक कंट्रोल करते हैं। ऐसे में अगर किसी एक कंपनी के सर्वर में तकनीकी दिक्कत आती है, तो दुनिया की आधी डिजिटल अर्थव्यवस्था ठहर जाती है।
अब कंपनियां क्या करेंगी?
विशेषज्ञों का मानना है कि इस घटना के बाद कई कंपनियां मल्टी-क्लाउड और मल्टी-रीजन रणनीति अपनाने पर गंभीरता से विचार करेंगी। इसका मतलब है कि किसी एक प्रदाता पर पूरी तरह निर्भर रहने के बजाय, वे अपने डेटा और सेवाओं को अलग-अलग सर्वरों या प्रदाताओं में बांटेंगी।
AWS के लिए भी यह एक बड़ा रिमाइंडर है कि "रेडंडेंसी (Redundancy)" यानी बैकअप सिस्टम को सिर्फ फॉर्मैलिटी नहीं, बल्कि एक सशक्त इंफ्रास्ट्रक्चर का मूल हिस्सा बनाया जाना चाहिए।
क्या यह फिर से हो सकता है?
Amazon ने दावा किया है कि वह भविष्य में इस तरह की त्रुटि रोकने के लिए नेटवर्क सबसिस्टम में व्यापक सुधार कर रही है। लेकिन सच यह है कि डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर में 100% सुरक्षा कभी संभव नहीं होती। जितनी जटिल सिस्टम आर्किटेक्चर बढ़ती है, उतना ही "ह्यूमन एरर" या "नेटवर्क ब्लाइंड स्पॉट" का खतरा बना रहता है।
टेक्नोलॉजी की ताकत
इस आउटेज ने एक बार फिर साबित कर दिया कि डिजिटल दुनिया जितनी कनेक्टेड होती जा रही है, उतनी ही वल्नरेबल भी है। जहां AWS जैसी कंपनियां दुनिया को क्लाउड कंप्यूटिंग की शक्ति दे रही हैं, वहीं एक छोटी-सी त्रुटि करोड़ों यूजर्स के अनुभव को पलभर में बिगाड़ सकती है। शायद अब समय आ गया है कि टेक दिग्गज "फास्ट और स्केलेबल" के साथ "सिक्योर और सस्टेनेबल" पर भी उतनी ही गंभीरता से ध्यान दें।


Click it and Unblock the Notifications








