फेसबुक के 26 करोड़ यूजर्स का डेटा हुआ चोरी
अभी जूम एप से डेटा चोरी होने की खबरे थमी नहीं थी फेसबुक से भी डेटा लीक होने की खबर सुनने को मिल रही है, शोधकर्ताओं का कहना है हैकर्स ने फेसबुक के 26.7 करोड़ यूजर का निजी डाटा मात्र 500 यूरो यानी करीब 41 हजार 500 रु में बेंच दिया है।

यूज़र का जो डेटा बेंचा गया है उसमें उनके ई-मेल एड्रेस, फेसबुक आइडी, फोन नंबर के साथ उनकी जन्मतिथि भी शामिल है। फेसबुक यूज़र की प्राइवेसी और डाटा चोरी की घटनाएं पहले भी सुनने को मिलती रहीं हैं।
साइबल के रिसर्चर जो कि एक साइबर रिस्क असेसमेंट कंपनी है इसकी जानकारी देते हुए बताया है इस डेटा को डार्क वेब पर बेचा गया है हालाकि उन्हें इस बात की कोई जानकारी नहीं है ये डाटा फेसबुक से कैसे लीक हुआ। उनका कहना है हो सकता है डेटा लीक होने के पीछे एप्लिकेशन प्रोग्रामिंग इंटरफेस एक कारण हो, हैकर्स इसका प्रयोग करके फिशिंग और स्पैमिंग की मदद से ये डाटा चुरा सकते हैं।
ऐसा पहली बार नहीं है अगर आपको ध्यान हो तो पिछले साल दिसम्बर में करीब 26.7 करोड़ से ज्यादा Fb यूजर का डाटा चोरी होने की खबरें सुनने में आई थी। सबसे बड़ी ये सारा डाटा यूजर की प्राइवेसी से जुड़ा हुआ है। एक वेबसाइट ने अपने ब्लॉग पोस्ट में लिखा है हैकर्स द्वारा चुराए गए डेटा को बड़ी आसानी से हैकर फोरम से सीधे डाउनलोड कर सकते हैं।
फेसबुक ने इस बाबत जानकारी देते हुए प्रतिक्रिया दी है और कहा है वे इस मामले को देख रहे है उन्हें लगता है पाइवेसी की सेटिंग में जिस समय बदलाव किए गए थे उसी समय ये डाटा चोरी हो सकता है। हालाकि फेसबुक हमेशा से ही यूज़र्स को अपना पासवर्ड समय-समय पर बदलने की हिदायत देता रहा है साथ ही प्राइवेसी सेटिंग और किसी भी ऐसे मेल से बचने की सलाह देता रहा है जिसमें यूज़र को थोड़े से शक की गुंजाइश हो
हैकर्स इन्हीं रास्तों से यूज़र डाटा तक पहुंचते हैं। डाटा प्राइवेसी को लेकर फेसबुक पर पहले से ही गा़ज गिरी हुई है कंपनी पर कैंब्रिज एनालिटिका द्वारा 8.7 करोड़ यूजर का डाटा यूज़ करने को लेकर मामला चल रहा है साथ ही द फेडरल ट्रेड कमीशन (एफटीसी) ने फेसबुक पर लगभग चालीस हजार करोड़ रु का जुर्माना भी लगाया हुआ है।


Click it and Unblock the Notifications







