कितना पैसा है इंफोसिस, एचसीएल, विप्रो और टाटा कंसलटेंसी के पास
भारत की चार बड़ी आईटी कंपनियां टीसीएस, इंफोसिस, विप्रो और एचसीएल के कैश रिजर्व पर नजर डालें तो ये करीब 43,200 करोड़ के करीब होगा। 31 मार्च 2013 में नए फाईनेंशियल रिजल्ट इंफोसिस और विप्रो के लिए कुछ खास अच्छे नहीं रहे। आइए नजर डालते हैं इन कंपनियों के पास कितना कैश पैसा है जो सेव है।
टीसीएस
टाटा ग्रुप की आईफर्म टीसीएस इस मामले में पहले पायदान पर है जिसके पास करीब 16,430 करोड़ रुपए कैश रिर्जव है जिसमें इस साल 22.1 प्रतिशत की बढोत्तरी हुई है।
इंफोसिस
टीसीएस की तरह इंफोसिस के पास भी कैश रिर्जव की कमी नहीं हैं। इंफोसिस के पास 10,454 करोड़ रुपए का कैश रिर्जव इक्ट्ठा है। मार्च में भारत की दूसरी सबसे बड़ी आईटी कंपनी इंफोसिस को 3.4 प्रतिशत का लाभ हुआ था।
TCS
टाटा ग्रुप की आईफर्म टीसीएस इस मामले में पहले पायदान पर है जिसके पास करीब 16,430 करोड़ रुपए कैश रिर्जव है जिसमें इस साल 22.1 प्रतिशत की बढोत्तरी हुई है।
Infosys
टीसीएस की तरह इंफोसिस के पास भी कैश रिर्जव की कमी नहीं हैं। इंफोसिस के पास 10,454 करोड़ रुपए का कैश रिर्जव इक्ट्ठा है। मार्च में भारत की दूसरी सबसे बड़ी आईटी कंपनी इंफोसिस को 3.4 प्रतिशत का लाभ हुआ था।
Wipro
अजीम प्रेमजी की विप्रो रिर्जव कैश के मामले में तीसरे पायदान पर है विप्रो के पास कुल 1.56 बिलियन डॉलर का कैश रिर्जव है, 31 मार्च 2013 को विप्रो के कुल प्रॉफिट में 16.73 प्रतिशत का इजाफा हुआ था।
HCL Technologies
एचसीएल भारत की चौथी सबसे बड़ी आईटी फर्म है जिसके पास 2012 में 762 मिलियन डॉलर का कैश और डिपॉजिट था, मार्च 2013 में एचसीएल के प्रॉफिट में 398 मिलियन की बढोत्तरी हुई।
विप्रो
अजीम प्रेमजी की विप्रो रिर्जव कैश के मामले में तीसरे पायदान पर है विप्रो के पास कुल 1.56 बिलियन डॉलर का कैश रिर्जव है, 31 मार्च 2013 को विप्रो के कुल प्रॉफिट में 16.73 प्रतिशत का इजाफा हुआ था।
एचसीएल टेक्नालॉजी
एचसीएल भारत की चौथी सबसे बड़ी आईटी फर्म है जिसके पास 2012 में 762 मिलियन डॉलर का कैश और डिपॉजिट था, मार्च 2013 में एचसीएल के प्रॉफिट में 398 मिलियन की बढोत्तरी हुई।


Click it and Unblock the Notifications








