क्यों आपके स्मार्टफोन में होना चाहिए सिनोजेनमोड, जानिए 10 कारण
सिनोजेनमोड के बारे में शायद आपमें से काफी कम लोग जानते होंगे, हाल ही में माइक्रोमैक्स ने भारत में यू यूरेका नाम से सिनोजेन मोड पर चलने वाला स्मार्टफोन लांच किया है। जो कस्टम रोम प्लेटफार्म पर चलता है। ये 50 से भी ज्यादा एंड्रायड डिवाइसेस को सपोर्ट करता है। हाल ही में सिनोजेन मोड को प्रयोग करने वालों की संख्या 5 मिलियन पार हुई है। आप सोंच रहे होंगे आखिर सिनोजेन मोड में ऐसा क्या खास है जिसकी वजह से इस प्लेटफार्म पर चलने वाले स्मार्टफोन लेना बेहतर होगा।
पढ़ें: 10,000 रुपए के 10 बेस्ट कैमरा स्मार्टफोन हैं ये
सिनोजेन मोड की अपनी कई खासियते हैं आज हम आपको 10 ऐसी ही खासियतों के बारे में बताएंगे।
सिनोजेनमोड के पीछे काम करनी वाली टीम सबसे प्रतिभाशाली डेवलपरों की टीम में से एक हैं जो आपके हर सवाल के जवाब सिनोजेन कम्यूनिकटी में देगी। यानी अगर आप अपने फोन में सिनोजेन मोड इंस्टॉल करते टाइम कोई दिक्कत आती है तो पूरी टीम आपकी मदद करने को हमेशा तैयार रहती है। एंड्रायड डिवाइस में बग और दूसरे सॉफ्टवेयर इश्यू को सुधारने में काफी वक्त लगता है जबकि सिनोजेन मोड की टीम किसी भी डिवाइस की सुरक्षा का पूरा ध्यान रखती है। जबकि गूगल अपने अगले वर्जन में ऐसी दिक्कतों को दूर करता है। सिनोजेनमोड में आपको वो हर चीज मिलेगी जो एक एंड्रायड यूजर को चाहिए, कई एंड्रायड यूजरों को स्टॉक एंड्रायड के लुक और फील के बारे में पता नहीं होता। सिनोजेन मोड में न सिर्फ यूजर को अच्छा एक्सपीरियं मिलता है बल्कि बिना नेक्सस डिवाइस के यूजर नेक्कस जैसा अनुभव कर पाता है। स्टॉक एंड्रायड में आपको लिड नोटिफिकेशन लाइट, सीपीयू कंट्रोल करने के अलावा कई दूसरे फीचर मिलते हैं मगर सिनोजेन मोड में ये सभी ऑप्शन इनबिल्ड होते हैं। इसमें यूजर को न सिर्फ आसान इंटरफेज़ मिलता है बल्कि थर्ड पार्टी ऐप सपोर्ट भी मिलता है। गैलेक्सी एस तो आपको ध्यान ही होगा इसमें कभी भी एंड्रायड 4.0 आईसक्रीम सैंडविच अपडेट नहीं दिया गया क्योंकि सैमसंग का कहना था ये हैंडसेट ज्यादा पॉवरफुल नहीं है। जबकि नेक्सस एस के जैसे फीचर सैमसंग गैलेक्सी एस में भी थे। मगर गैलेक्सी एस के कई यूजर सीएम 9 और सीएम 10.1 यूज़ कर रहे हैं तो एंड्रायड आईसक्रीम और जैलीबीन के बराबर फीचर देता है। इसके अलावा यूजर इसमें एंड्रायड का लेटेस्ट वर्जन यूज़ कर सकता है। कहने का मतलब है इसमें यूजर को गूगल द्वारा दिए जाने वाले लेटेस्ट अपडेट जल्दी मिलते हैं। सिनोजेनमोड एक तरह से स्टॉक एंड्रायड के बराबर है मगर जब आप सिनोजेनमोड यूज करेंगे तो आपको स्टॉक एंड्रायड में दिए गए फीचर बेकार लगने लगेंगे। जैसे क्विक मैसेजिंग ऐप, फोन रिसीव करने के लिए वॉल्यूम बटन ऑप्शन, वॉयस कंट्रोल के साथ कैमरा ऐप। सिनोजेनमोड में कई नए फीचर आपको मिलेंगे जो रोजमर्रा की लाइफ में काफी काम आते हैं, जैसे लॉक स्क्रीन शार्टकट, क्विक टूगल नोटिफिकेशन बार, रैम बार, ऑन स्क्रीन नैविगेशन बटन। सिनोजेनमोड की एक और खासबात है कस्टमाइजेशन ऑप्शन, यूजर इसे अपने हिसाब से कस्टमराइज कर सकता है जो आपको स्टॉक एंड्रायड में नहीं मिलते। जैसे आप क्विक सेटिंग में जाकर फोन स्क्रीन टाइल्स कस्टमराइज कर सकते हैं। स्पीड सिनोजेनमोड यूज़ करने का सबसे बड़ा कारण है जो फोन की परफार्मेंस बढ़ाता है। ये वेट में काफी हल्का है जिससे हार्डवेयर पर ज्यादा भार नहीं पड़ता यानी आपके फोन में हैंग होने के अलावा हीट होने जैसे दूसरी दिक्कते नहीं आती।
10. Community
9. Security
8. Using Android the way Google intended it to be
7. Inbuilt Apps
6. Increased Life Span
5. Latest version of Android
4. Usability tweaks
3. New Features
2. Customisations
1. Speed


Click it and Unblock the Notifications