मोबाइल चोरी या गुम होने पर 14422 पर करें कॉल, सरकार ने जारी किया नंबर

    हममे से ज्यादातर लोगों ने कभी न कभी मोबाइल चोरी होने या गुम होने जैसी स्थिति का सामना किया होगा। ज्यादातर चोर किसी मोबाइल को चुराकर सबसे पहले उसका सिम कार्ड और मैमोरी कार्ड निकाल देते हैं और उसके बाद उस मोबाइल को सैकेंड हैंड के तौर पर बेच देते हैं।

    चोरी किए मोबाइल को बेचने का एक बड़ा सर्किल है, जिसमें लोग इन मोबाइल को खऱीदते और बेचते हैं। अब सरकार ने आपके चोरी हुए मोबाइल का दुरुपयोग रोकने के लिए एक सिस्टम पेश किया है।

    मोबाइल चोरी या गुम होने पर 14422 पर करें कॉल, सरकार ने जारी किया नंबर

     

    चोरी किए मोबाइल को इस्तेमाल रोकने के लिए दूरसंचार प्रौद्योगिकी केंद्र ने एक सिस्टम तैयार किया है। ज्यादातर मामलों में चोरी किए मोबाइल का आईएमईआई नबंर बदलकर उसे बेच देते हैं, लेकिन इस सिस्टम में चोरी हुए मोबाइल का आईएमईआई नंबर बदलकर इस्तेमाल करने की कोशिश की तो स्मार्टफोन बेकार हो जाएगा।

    दूरसंचार प्रौद्योगिकी केंद्र (सी-डॉट) ने मोबाइल डिवाइस रजिस्टर-एमईआर सिस्टम तैयार किया है, जिसमें चोरी किए मोबाइल को आसानी से ट्रेक किया जा सकेगा। सरकार ने एक हेल्पलाइन नंबर 14422 भी जारी किया है जिस पर चोरी या गुम मोबाइल की शिकायत की जी सकती है।

    सी-डॉट सिस्टम का ट्रायल महाराष्ट्र में चल रहा था और अब इसे 2-3 हफ्ते के अंदर इसे महाराष्ट्र सर्किल से पेश कर दिया जाएगा। रिपोर्ट के अनुसार, दिसंबर तक ये सिस्टम 21 अन्य सर्किल्स में शुरू हो जाएगा।

    बता दें कि इस सिस्टम के जरिए सरकार स्मार्टफोन की चोरी की घटनाओं को रोकना चाहती है और क्योंकि इस सिस्टम के आने के बाद स्मार्टफोन सिर्फ एक खिलौना बनकर रह जाएगा और मोबाइल की चोरी में कमी आएगी। इसके अलावा मोबाइल ट्रेकिंग के जरिए पुलिस मोबाइल चोरों तक आसानी से पहुंच सकेगी।

    इस सिस्टम को तैयार करने के लिए एक मैकेनिज्म बनाया गया है। इसे सेंट्रल इक्विपमेंट आईडेंटिटी रजिस्टर (सीईआईआर) नाम दिया गया है। सीईआईआर में देश के हर नागरिक का मोबाइल मॉडल, सिम नंबर और आईएमईआई नंबर है। इस मैकेनिज्म सिस्टम को सरकार को सौंपा जाएगा, जिससे मोबाइल चोरी और गुम होने पर उन्हें आसानी से ट्रेक किया जा सके।

    English summary
    The Centre for Development of Telematics (C-DoT) will help the telecom department set up a mobile tracking system and issue a helpline number.
    Opinion Poll

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