विवादों में गूगल, क्यों नहीं बताना चाहता एंप्लॉयीज की सैलरी
लोकल मीडिया के मुताबिक, प्रेस में मामला आने के बाद गूगल ने कोर्ट से मामले को जल्दी से जल्दी निबटाने की मांग की है।
गूगल पर इन दिनों अपने कर्मचारियों के वेतन को लेकर लैंगिक भेदभाभ के आरोप लगाए जा रहे हैं। ये सारा मामला तब शुरू हुआ, जब अमेरिकन लेबर कोर्ट ने गूगल से सभी कर्मचारियों की सैलरी संबंधी जानकारी मांगी, जिसे गूगल ने कंपनी की पॉलिसी बताते हुए देने से इंकार कर दिया। मामले में स्थानीय मीडिया का आरोप है कि गूगल प्रेस और चैनल को मामले की सुनवाई में भाग लेने से रोकने की कोशिश कर रहा है।

रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिकन लेबर डिपार्टमेंट ने ऑडिटिंग के लिए गूगल से कर्मचारियों की सैलरी और कॉन्टेक्ट डिटेल मांगे थे। गूगल ने इस पर कर्मचारियों की निजता और कंपनी की प्रायवेट पॉलिसी का तर्क देते हुए जानकारी देने से इंकार कर दिया, जिसके बाद मामला कोर्ट चला गया। अब लोकल मीडिया में द्वारा कहा जा रहा है कि कंपनी नहीं चाहती है कि इस मामले की सुनवाई में मीडिया भाग ले।
पढ़ें-किस पॉलिसी के तहत ट्विटर पर मौजूद है इतना पोर्न ?
एक स्थानीय अखबार में छपी रिपोर्ट के अनुसार, गूगल ने कोर्ट में जज से कर्मचारियों की जानकारी काफी विस्तृत होने का हवाला देते हुए मुकदमे को खारिज करने की मांग की, लेकिन फिलहाल कोर्ट की तरफ से कोई नतीजा सामने नहीं आया है। लेबर डिपार्टमेंट के मुताबिक, कंपनी में महिलाओं को कम सैलेरी दी जाती है, इसीलिए गूगल जानकारी देने से इंकार कर रहा है।
पढ़ें- फेसबुक ने घटाई दूरियां, मीलों दूर बैठे दोस्त के साथ भी कर सकेंगे लाइव
एक अन्य रिपोर्ट के मुताबिक गूगल ने जज के गूगल पर मीडिया द्वारा ये भी आरोप लगाए जा रहे हैं कि कंपनी के समान वेतन जैसे दावे नकली हैं। बता दें कि गूगल बार-बार दावे करता आया है कि उसने innovative compensation model के आधार पर वेतन संबंधी भेदभाव खत्म कर दिया है।


Click it and Unblock the Notifications








